यात्रा से पहले जान लें ये जरूरी नियम, वरना रास्ते में हो सकती है परेशानी
Swaraj Times Desk: Char Dham Yatra 2026 इस साल 19 अप्रैल से शुरू हो रही है। अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर शुरू होने वाली यह यात्रा हिंदू श्रद्धालुओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है। यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ की यह यात्रा सिर्फ धार्मिक नहीं बल्कि आध्यात्मिक अनुभव भी देती है। हर साल लाखों भक्त इसमें शामिल होते हैं — लेकिन अब बिना रजिस्ट्रेशन यात्रा संभव नहीं।
पंजीकरण क्यों जरूरी है?
उत्तराखंड सरकार यात्रियों की सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के लिए अनिवार्य रजिस्ट्रेशन सिस्टम लागू करती है। रजिस्ट्रेशन के बाद मिलने वाला यात्रा ई-पास आपको यात्रा मार्ग पर चेकिंग, ठहरने की सुविधा और आपातकालीन ट्रैकिंग में मदद करता है।
ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कैसे करें?
ऑफिशियल वेबसाइट:
https://registrationandtouristcare.uk.gov.in
स्टेप्स:
- वेबसाइट पर लॉगिन/रजिस्टर करें
- व्यक्तिगत और यात्रा विवरण भरें
- पहचान पत्र अपलोड करें
- OTP वेरिफिकेशन करें
- QR कोड वाला यात्रा पास डाउनलोड करें
व्हाट्सऐप से रजिस्ट्रेशन
अब यात्री व्हाट्सऐप से भी रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं।
WhatsApp नंबर: 8394833833
मैसेज में “Yatra” लिखकर भेजें और निर्देशों का पालन करें।
टोल-फ्री हेल्पलाइन
अगर ऑनलाइन दिक्कत हो रही है तो आप कॉल कर सकते हैं:
टोल-फ्री नंबर: 0135-1364
यहां से आपको रजिस्ट्रेशन और यात्रा मार्गदर्शन मिलेगा।
ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन सेंटर
ऑफलाइन पंजीकरण इन जगहों पर उपलब्ध है:
हरिद्वार, ऋषिकेश, बरकोट (यमुनोत्री), हीना (गंगोत्री), सोनप्रयाग (केदारनाथ), पांडुकेश्वर (बद्रीनाथ)
वाहन नियम
यात्रा में आने वाले वाहनों के लिए जरूरी:
ग्रीन कार्ड और ट्रिप कार्ड
वेबसाइट: https://greencard.uk.gov.in
स्वास्थ्य संबंधी जरूरी निर्देश
ऊंचाई वाले इलाकों के लिए मेडिकल फिटनेस जरूरी
हार्ट, अस्थमा या BP मरीज डॉक्टर से सलाह लें
जरूरी दवाइयां साथ रखें
यात्रा के लिए जरूरी सामान
गरम कपड़े, रेनकोट, टॉर्च, पावर बैंक, पहचान पत्र, दवाइयां
चारधाम यात्रा श्रद्धा के साथ-साथ तैयारी की भी मांग करती है। सही रजिस्ट्रेशन और तैयारी से ही आपका सफर सुरक्षित और सफल होगा।
