India US Trade Deal: टैरिफ घटे, निर्यात बढ़े, सियासी तकरार तेज — ट्रेड डील पर सरकार बनाम विपक्ष
Swaraj Times Desk: भारत और अमेरिका के बीच हुए नए व्यापार समझौते को केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने “ऐतिहासिक” बताते हुए कहा कि इससे भारत को प्रतिस्पर्धी देशों के मुकाबले बेहतर शर्तें मिली हैं। उनके अनुसार, यह समझौता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशहित को प्राथमिकता देकर तैयार हुआ है और 140 करोड़ नागरिकों के लिए अवसरों का दायरा बढ़ाएगा। गोयल ने यह भी आरोप लगाया कि वे संसद में विस्तार से बात रखना चाहते थे, लेकिन विपक्ष के हंगामे की वजह से ऐसा नहीं हो सका।
ट्रेड डील पर गोयल की 10 बड़ी बातें
1. पड़ोसी देशों से बेहतर शर्तें
गोयल ने कहा कि जिन देशों पर ऊंचे रेसिप्रोकल टैरिफ लगे थे, उनकी तुलना में भारत को ज्यादा संतुलित और राहत भरी शर्तें मिली हैं।
2. भरोसे पर बना समझौता
उन्होंने इसे भारत-अमेरिका के बीच विश्वास और मित्रता पर आधारित डील बताया, जो वैश्विक मंच पर भारत की बढ़ती ताकत को दर्शाता है।
3. MSME सेक्टर को बूस्ट
छोटे और मझोले उद्योगों को अमेरिकी बाजार तक बेहतर पहुंच मिलेगी, जिससे उत्पादन और रोजगार दोनों बढ़ेंगे।
4. लंबी अवधि का सकारात्मक संकेत
गोयल के मुताबिक यह केवल व्यापार समझौता नहीं, बल्कि भविष्य की रणनीतिक साझेदारी की नींव है।
5. सीफूड उद्योग को राहत
ऊंचे टैरिफ से परेशान समुद्री उत्पाद निर्यातकों को इस डील से सीधी राहत मिलने की बात कही गई।
6. हर वर्ग को फायदा
सरकार का दावा है कि कृषि और डेयरी सुरक्षित रहेंगे, जबकि टेक्सटाइल, लेदर, रबर जैसे क्षेत्रों को नए निर्यात अवसर मिलेंगे।
7. किसानों के हित सुरक्षित
गोयल ने दोहराया कि किसानों के हितों से कोई समझौता नहीं किया गया है।
8. विपक्ष पर हमला
उन्होंने राहुल गांधी पर दोहरे मानदंड अपनाने का आरोप लगाया और कहा कि विपक्ष सकारात्मक पहल को भी नकारात्मक बताने की कोशिश कर रहा है।
9. श्रम आधारित उद्योग उत्साहित
लेबर-इंटेंसिव सेक्टर इस डील से खासा उत्साहित बताए जा रहे हैं।
10. इंजीनियरिंग और मैन्युफैक्चरिंग को अवसर
एयरक्राफ्ट पार्ट्स, ज्वैलरी, टेक्सटाइल और मरीन प्रोडक्ट्स जैसे क्षेत्रों में बड़े निर्यात अवसर बनने की बात कही गई।
