संविधान की चेतना से लेकर इलेक्ट्रिक बसों तक, दिल्ली सरकार के एक्शन प्लान का पूरा रोडमैप
Swaraj Times Desk: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने राजधानी के विकास को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि भारत का संविधान केवल एक दस्तावेज़ नहीं, बल्कि देश की आत्मा और चेतना है, जिसने बीते 77 वर्षों से न्याय, समानता और सम्मान का मार्ग दिखाया है. इन्हीं संवैधानिक मूल्यों को आधार बनाकर दिल्ली सरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन 2047 से जुड़ते हुए ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य के साथ विकसित दिल्ली बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है.
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि करीब 11 महीने पहले जब उनकी सरकार ने दिल्ली की जिम्मेदारी संभाली, तब हालात बेहद चुनौतीपूर्ण थे. वर्षों से व्यवस्थाओं में जमी रुकावटें, अव्यवस्थाएं और ठहरे हुए प्रोजेक्ट सरकार के सामने सबसे बड़ी समस्या थे. उन्होंने कहा कि कम समय में कई ठोस और साहसिक फैसले लेकर दिल्ली को नई दिशा देने की शुरुआत की गई है.
अटल कैंटीन: भोजन सुरक्षा की मजबूत नींव
सीएम रेखा गुप्ता ने बताया कि भोजन सुरक्षा के क्षेत्र में अटल कैंटीन एक बड़ी पहल बनकर उभरी है. फिलहाल इन कैंटीनों में रोजाना 50 हजार से ज्यादा लोग सस्ता, स्वच्छ और पौष्टिक भोजन कर रहे हैं. सरकार का लक्ष्य है कि आने वाले समय में यह संख्या बढ़ाकर एक लाख प्रतिदिन की जाए, ताकि राजधानी में कोई भी व्यक्ति भूखा न सोए.
स्वास्थ्य सेवाओं में डिजिटल क्रांति
स्वास्थ्य के क्षेत्र में सरकार ने बड़े स्तर पर बदलाव शुरू किए हैं. मुख्यमंत्री के अनुसार, दिल्ली के सभी सरकारी अस्पतालों को डिजिटल इंडिया अभियान के तहत डिजिटाइज किया जा रहा है. इसके साथ ही राजधानी में 300 से अधिक आयुष्मान आरोग्य मंदिर (प्राइमरी हेल्थ सेंटर) शुरू किए जा चुके हैं. सरकार का उद्देश्य है कि दिल्ली का हेल्थ मॉडल देश के लिए मिसाल बने.
शिक्षा और खेल पर बड़ा निवेश
रेखा गुप्ता ने बताया कि शिक्षा के क्षेत्र में नरेला में एक आधुनिक एजुकेशन हब विकसित किया जा रहा है, जिसके लिए 1300 करोड़ रुपये का बजट तय किया गया है. वहीं खेलों को बढ़ावा देने के लिए मुंडका में दिल्ली की पहली इंटरनेशनल स्टैंडर्ड्स वाली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का काम शुरू हो चुका है.
इलेक्ट्रिक ट्रांसपोर्ट और मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2025–26 में दिल्ली का कैपिटल एक्सपेंडिचर बढ़ाकर करीब 30,000 करोड़ रुपये कर दिया गया है. बेहतर सड़कें, साफ पानी और आधुनिक सुविधाएं सरकार की प्राथमिकता हैं. उन्होंने ऐलान किया कि अगले तीन साल में दिल्ली की सभी पब्लिक ट्रांसपोर्ट बसों को इलेक्ट्रिक बनाने का लक्ष्य रखा गया है.
झुग्गी विकास और सामाजिक सुरक्षा
झुग्गी बस्तियों के विकास के लिए सरकार ने 700 करोड़ रुपये का फंड जारी किया है. इससे शौचालय, गलियां, नालियां, पार्क और अन्य बुनियादी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं. इसके अलावा, गिग वर्कर वेलफेयर बोर्ड बनाकर गिग वर्कर्स को सामाजिक और स्वास्थ्य सुरक्षा से जोड़ा गया है.
बड़ी परियोजनाएं और भविष्य की दिल्ली
सीएम ने बताया कि केंद्र सरकार के सहयोग से द्वारका एक्सप्रेसवे, UER-2 और दिल्ली–देहरादून एक्सप्रेसवे जैसे बड़े प्रोजेक्ट पूरे हुए हैं, जिससे ट्रैफिक जाम में कमी आएगी. नई गौशालाएं, स्ट्रे डॉग शेल्टर, सोलर प्लांट, AVGC और फिल्म पॉलिसी जैसे कदम दिल्ली को आधुनिक, आत्मनिर्भर और वैश्विक राजधानी बनाने की दिशा में अहम माने जा रहे हैं.
