Swaraj Times Desk: तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद से एक ऐसी खौफनाक वारदात सामने आई है, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। नल्लकुंटा इलाके में घरेलू हिंसा का यह मामला सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि इंसानियत पर लगा एक गहरा दाग बन गया है। यहां एक पति ने शक और गुस्से में आकर अपनी ही पत्नी को पेट्रोल डालकर जिंदा जला दिया। यही नहीं, मां को बचाने आई बेटी को भी उसने आग की लपटों की ओर धकेल दिया।
पुलिस के मुताबिक, मृतका की पहचान त्रिवेणी के रूप में हुई है, जबकि आरोपी पति का नाम वेंकटेश बताया जा रहा है। दोनों का प्रेम विवाह हुआ था, लेकिन शादी के कुछ समय बाद ही रिश्ते में दरार पड़ने लगी। वेंकटेश को पत्नी के चरित्र पर शक था और इसी बात को लेकर आए दिन घर में झगड़े होते रहते थे। यह शक धीरे-धीरे मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न में बदल गया।
बताया जा रहा है कि घटना वाले दिन भी दोनों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हुई। विवाद इतना बढ़ गया कि वेंकटेश अपना आपा खो बैठा। गुस्से में उसने पेट्रोल निकाला और त्रिवेणी पर डालकर आग लगा दी। यह सब घर के अंदर हो रहा था, जहां उनके बच्चे भी मौजूद थे। आग की लपटों में घिरी त्रिवेणी चीखती रही और अपनी जान बचाने की कोशिश करती रही।
मां की हालत देखकर बेटी ने साहस दिखाया और उसे बचाने के लिए आगे बढ़ी। लेकिन आरोपी पिता ने एक पल के लिए भी नहीं सोचा और बेटी को भी धक्का देकर आग की ओर धकेल दिया। यह दृश्य इतना भयावह था कि आसपास के लोग भी कुछ देर के लिए सन्न रह गए। किसी तरह बेटी बाहर निकलने में सफल रही, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। त्रिवेणी की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना को अंजाम देने के बाद वेंकटेश मौके से फरार हो गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। घायल बेटी को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। शारीरिक चोटों के साथ-साथ वह गहरे मानसिक सदमे में है, क्योंकि उसने अपनी आंखों के सामने मां को खोया और पिता की दरिंदगी देखी।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि त्रिवेणी पति के शक और अत्याचार से परेशान होकर कुछ समय पहले मायके चली गई थी। हालांकि, पारिवारिक समझौते के बाद वह वापस लौटी थी। लेकिन वेंकटेश का शक खत्म नहीं हुआ और इसका अंजाम इतना भयावह निकला।
फिलहाल पुलिस ने हत्या और घरेलू हिंसा की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग जगहों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही आरोपी को पकड़ लिया जाएगा और कानून के मुताबिक सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना एक बार फिर बताती है कि घरेलू हिंसा और मानसिक उत्पीड़न कितने खतरनाक परिणाम ला सकते हैं। शक, गुस्सा और असंवेदनशीलता ने एक पूरे परिवार को तबाह कर दिया, जिसकी भरपाई शायद कभी नहीं हो सकेगी।
