Israle-Iran War: रूस ने अमेरिका-इजरायल को घेरा, ईरान ने ली बदले की कसम, मध्य-पूर्व में जंग के बादल गहरे
Swaraj Times Desk: इजरायल और अमेरिका के संयुक्त हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता Ali Khamenei की मौत के बाद वैश्विक सियासत में भूचाल आ गया है। रूस के राष्ट्रपति Vladimir Putin ने इस घटना पर कड़ा रुख अपनाते हुए इसे “मानवीय नैतिकता और अंतरराष्ट्रीय कानून का घोर उल्लंघन” बताया है।
क्रेमलिन के अनुसार, पुतिन ने ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian से बात कर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि खामेनेई को रूस में एक दूरदर्शी नेता के रूप में याद किया जाएगा, जिन्होंने दोनों देशों के रिश्तों को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई।
रूस की सख्त प्रतिक्रिया
रूसी विदेश मंत्रालय ने हमले को “बिना उकसावे की कार्रवाई” बताया और अमेरिका-इजरायल से तत्काल सैन्य गतिविधियां रोकने की अपील की। मॉस्को ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से निष्पक्ष जांच और कूटनीतिक समाधान की राह अपनाने की मांग की है।
ईरान का पलटवार
खामेनेई की मौत के बाद ईरान ने अमेरिका और इजरायल से बदला लेने की कसम खाई है। सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव अली लारीजानी ने चेतावनी दी कि “हमारी सेना का जवाब और भी ज्यादा ताकतवर होगा।” उन्होंने कहा कि हमलावर देशों को समझ लेना चाहिए कि वे “हमला कर भाग नहीं सकते।”
क्षेत्रीय संकट और बढ़ता तनाव
इस हमले में ईरान के कई शीर्ष सैन्य अधिकारियों की भी मौत की पुष्टि हुई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इसे “प्रिवेंटिव अटैक” बताते हुए आतंक के खतरे को खत्म करने की कार्रवाई करार दिया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह घटना मध्य-पूर्व में व्यापक संघर्ष की शुरुआत हो सकती है। रूस का खुला विरोध इस टकराव को और जटिल बना सकता है। दुनिया की नजर अब इस बात पर है कि क्या कूटनीति हालात संभालेगी या यह टकराव बड़े युद्ध में बदल जाएगा।
