Swaraj Times Desk: रेल किराया बढ़ा, विपक्ष का आरोप– आम जनता पर बोझ और रेलवे की बदहाली
रेल किराए में बढ़ोतरी को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। सोमवार को मुख्य विपक्षी दल ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में रेल मंत्रालय की जवाबदेही लगभग समाप्त हो चुकी है और जमीनी सुधारों की जगह केवल प्रचार पर जोर दिया जा रहा है। कांग्रेस ने इस मुद्दे पर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के इस्तीफे की मांग भी दोहराई।
📈 क्या है नई रेल किराया बढ़ोतरी?
रेल मंत्रालय ने रविवार को घोषणा की थी कि 26 दिसंबर 2025 से नई किराया दरें लागू होंगी। इसके तहत
- 215 किलोमीटर से अधिक की यात्रा के लिए साधारण श्रेणी में 1 पैसा प्रति किलोमीटर की बढ़ोतरी
- मेल/एक्सप्रेस की नॉन-एसी श्रेणी और सभी ट्रेनों की एसी श्रेणियों में 2 पैसे प्रति किलोमीटर की वृद्धि की जाएगी
सरकार का कहना है कि यह मामूली बढ़ोतरी है, लेकिन कांग्रेस इसे आम यात्रियों पर सीधा बोझ बता रही है।
खरगे का आरोप: जनता को लूटने का कोई मौका नहीं छोड़ती सरकार
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि मोदी सरकार आम लोगों से पैसा वसूलने का कोई मौका नहीं छोड़ती। उन्होंने आरोप लगाया कि एक ही साल में दूसरी बार रेल किराया बढ़ाया गया, वह भी केंद्रीय बजट से ठीक पहले।
खरगे ने यह भी कहा कि अलग रेल बजट खत्म होने के बाद रेलवे की जवाबदेही कमजोर हुई है। उनके मुताबिक, रेलवे आज बीमार हालत में है क्योंकि सरकार ठोस सुधारों की बजाय केवल “नकली प्रचार” में व्यस्त है।
NCRB आंकड़ों का हवाला: “रेल यात्रा अब सुरक्षित नहीं”
कांग्रेस अध्यक्ष ने NCRB के 2014 से 2023 तक के आंकड़ों का हवाला देते हुए दावा किया कि रेलवे से जुड़े हादसों में करीब 2.18 लाख लोगों की मौत हुई है। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में रेल यात्रा जीवन के साथ जुआ खेलने जैसी हो गई है।
खरगे ने यह भी आरोप लगाया कि रेलवे में 3.16 लाख पद खाली पड़े हैं, लेकिन स्थायी नियुक्तियों के बजाय युवाओं को संविदा पर नौकरी दी जा रही है।
कांग्रेस प्रवक्ता का दावा: किराया बढ़ोतरी का असली असर छिपाया जा रहा
कांग्रेस प्रवक्ता अजय कुमार ने कहा कि 2024 में तीसरी बार मोदी सरकार बनने के बाद से दो बार रेल किराया बढ़ाया जा चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार “एक-दो पैसे प्रति किलोमीटर” की बात करके असली असर छिपा रही है, जबकि इससे यात्रियों पर 100 से 200 रुपये तक का अतिरिक्त बोझ पड़ता है।
“10 साल में 107% तक बढ़ा किराया”
अजय कुमार ने दावा किया कि पिछले 10 वर्षों में रेलवे किराया करीब 107 प्रतिशत तक बढ़ चुका है। कांग्रेस का कहना है कि इससे आम आदमी के लिए ट्रेन से यात्रा करना भी मुश्किल हो गया है।
कांग्रेस की प्रमुख मांगें
कांग्रेस ने केंद्र सरकार से मांग की है कि
बुजुर्गों को मिलने वाली रेल यात्रा छूट दोबारा लागू की जाए
पूरे देश में रेलवे लाइनों पर सुरक्षा कवच लगाया जाए
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव इस्तीफा दें
