Pushkar Singh Dhami News: देहरादून कार्यक्रम में रैपिड-फायर सवालों के बीच CM धामी ने UCC, हेट स्पीच और विकास मॉडल पर रखी साफ राय
Swaraj Times Desk: देहरादून में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उत्तराखंड के मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami से रैपिड-फायर अंदाज़ में कई सवाल पूछे गए। जब उनसे पूछा गया कि यदि रात 2 बजे वे किसी बड़ी मुसीबत में फंस जाएं तो Narendra Modi या Amit Shah में से किसे फोन करेंगे, तो उन्होंने मुस्कुराते हुए जवाब दिया—“हमारी पार्टी का वर्क कल्चर स्पष्ट है। जैसी परिस्थिति होगी, वैसा निर्णय लूंगा। दोनों नेताओं से कई बार मार्गदर्शन लिया है और आगे भी ले सकता हूं।”
हेट स्पीच रिपोर्ट पर पलटवार
एक अमेरिकी रिपोर्ट में हेट स्पीच के मामले में उनका नाम शीर्ष पर बताए जाने के सवाल पर धामी ने कड़ा जवाब दिया। उन्होंने कहा कि उनके प्रदेश की जनता जानती है कि वे किसी से नफरत नहीं करते। लेकिन यदि समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करना, ‘लैंड जिहाद’ पर कार्रवाई करना और महिलाओं की सुरक्षा के लिए सख्त कानून बनाना हेट स्पीच माना जाता है, तो वे ऐसे कदम उठाते रहेंगे।
मदरसों और UCC पर राय
मुख्यमंत्री ने कहा कि वे मदरसों को आधुनिक शिक्षा से जोड़ना चाहते हैं ताकि छात्र मुख्यधारा से जुड़ सकें। UCC पर उन्होंने दोहराया कि एक समान कानून सामाजिक न्याय और समानता की दिशा में जरूरी कदम है।
राहुल गांधी पर टिप्पणी
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष Rahul Gandhi को लेकर धामी ने कहा कि उन्हें कोई गंभीरता से नहीं लेता। उन्होंने सर्जिकल स्ट्राइक, गलवान घाटी और एआई समिट जैसे मुद्दों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि विपक्ष केवल विरोध के लिए विरोध करता है।
विकास मॉडल पर क्या चुना?
जब उनसे पूछा गया कि विकास के लिए प्रधानमंत्री मोदी का “सबका साथ, सबका विकास” मॉडल बेहतर है या उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath का बुलडोजर मॉडल, तो धामी ने संतुलित जवाब दिया। उन्होंने कहा कि हर राज्य की अपनी चुनौतियां होती हैं, लेकिन “सबका साथ, सबका विकास” ही देश और राज्य के लिए सर्वोत्तम मार्ग है।
देहरादून की इस बातचीत ने राजनीतिक हलकों में नई चर्चा छेड़ दी है और आने वाले समय में इन बयानों की गूंज और तेज होने के संकेत हैं।
