गणतंत्र दिवस पर अमेरिका की बड़ी दोस्ती की मुहर, क्वाड के जरिए रक्षा से खनिजों तक सहयोग का भरोसा
Swaraj Times Desk: भारत के 77वें गणतंत्र दिवस के मौके पर अमेरिका से एक मजबूत कूटनीतिक संदेश सामने आया है. अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भारत को हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए भारत–अमेरिका रणनीतिक साझेदारी की खुलकर सराहना की. उन्होंने कहा कि रक्षा, ऊर्जा, महत्वपूर्ण खनिजों और उभरती तकनीकों में दोनों देशों का सहयोग न सिर्फ द्विपक्षीय रिश्तों को मजबूती दे रहा है, बल्कि हिंद–प्रशांत क्षेत्र में स्थिरता के लिए भी ठोस नतीजे दे रहा है.
रविवार (25 जनवरी, 2026) को जारी संदेश में रुबियो ने कहा, “अमेरिका के लोगों की ओर से, मैं भारत के लोगों को उनके गणतंत्र दिवस पर हार्दिक बधाई देता हूं.” उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि क्वाड के तहत भारत और अमेरिका की बहु-स्तरीय सहभागिता क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक सहयोग का मजबूत आधार बन रही है.
क्वाड के जरिए ‘वास्तविक परिणाम’ का दावा
मार्को रुबियो ने ऑस्ट्रेलिया, भारत, जापान और अमेरिका के समूह का उल्लेख करते हुए कहा कि क्वाड के मंच से रक्षा सहयोग, ऊर्जा आपूर्ति, महत्वपूर्ण खनिजों की सुरक्षा और नई तकनीकों में साझेदारी तेज हुई है. उनके मुताबिक, यह सहयोग दोनों देशों के नागरिकों और पूरे हिंद–प्रशांत के लिए “वास्तविक परिणाम” दे रहा है.
एक्स पर पोस्ट, लोकतंत्रों की साझेदारी पर जोर
रुबियो ने यह भी कहा कि वह आने वाले वर्ष में साझा उद्देश्यों को आगे बढ़ाने के लिए भारत के साथ मिलकर काम करने को उत्सुक हैं. इसी क्रम में अमेरिका के दक्षिण और मध्य एशियाई मामलों के ब्यूरो ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भारत को बधाई दी. पोस्ट में कहा गया कि अमेरिका, भारत के संविधान अंगीकार किए जाने के उत्सव में भारतीय जनता के साथ खड़ा है और दुनिया के दो सबसे बड़े व जीवंत लोकतंत्रों के बीच सहयोग को और आगे बढ़ाने के लिए तत्पर है.
कूटनीति का संदेश: भरोसा और भविष्य
विशेषज्ञों के मुताबिक, गणतंत्र दिवस जैसे अवसर पर अमेरिका का यह संदेश रणनीतिक भरोसे का संकेत है. रक्षा से लेकर ऊर्जा और महत्वपूर्ण खनिजों तक सहयोग पर जोर यह दिखाता है कि भारत–अमेरिका संबंध अब केवल घोषणाओं तक सीमित नहीं, बल्कि व्यावहारिक साझेदारी की दिशा में बढ़ चुके हैं.
